हाट-बाजारों में 10 लाख से अधिक लोगों का हुआ इलाज, प्रदेश के 1851 हाट-बाजारों में ग्रामीणों की निःशुल्क जांच, उपचार व दवाईयां मुहैया कराया गया

रायपुर। 15 फरवरी 2020. छत्तीसगढ़ के वनांचलों और ग्रामीण इलाकों के हाट-बाजारों में स्वास्थ्य विभाग की मेडिकल टीमों द्वारा दस लाख तीन हजार 678 लोगों को इलाज मुहैया कराया गया है। हाट-बाजारों की क्लिनिक में पहुंचे नौ लाख पांच हजार 473 मरीजों को जांच व उपचार के बाद निःशुल्क दवाईयां दी गई हैं। मुख्यमंत्री हाट-बाजार क्लिनिक योजना के अंतर्गत प्रदेश के एक हजार 851 हाट-बाजारों में क्लिनिक लगाए जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा योजना शुरू होने के बाद से कुल 17 हजार 150 हाट-बाजार क्लिनिक आयोजित किए गए हैं।…

मुख्यमंत्री हाट बाजार क्लीनिक योजना बनी ग्रामीणों के लिए वरदान

रायपुर। मुख्यमंत्री हाट बाजार क्लीनिक योजना जिले के दूरदराज के ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हो रही हैं। हाट बाजार में आने वाले लोगों को अब वहीं पर ही क्लीनिक से स्वास्थ्य जांच और उपचार का लाभ मिलने से बहुत फायदा हो रहा है। विभिन्न बीमारियों के इलाज के लिए ग्रामीणों को शहरों में आना पड़ता। मुख्यमंत्री हाट बाजार क्लीनिक से इन बीमारियों का इलाज अब स्थानीय स्तर पर ही हो रहा है। राजनांदगांव जिले के मानपुर, मोहला, अंबागढ़ चौकी के दूरस्थ अंचलों के हाट बाजारों में दैनिक उपयोग की…

कलेक्टर ने शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना और हाट बाजार क्लीनिक योजना से अधिकाधिक लोगों को लाभांवित करने के निर्देश दिए

रायपुर। कलेक्टर डाॅ.एस. भारतीदासन ने आज जिला रेडका्रॅस सोसायटी के सभा कक्ष में समय-सीमा की बैठक लेकर धान खरीदी के लिए समितियों के माध्यम से धान खरीदी की व्यवस्था, किसान पंजीयन, मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना, मुख्यमंत्री हाट बाजार क्लीनिक योजना सहित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की। कलेक्टर ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ अधिकारी को व्यापक अभियान चलाते हुए मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना और मुख्यमंत्री हाट बाजार क्लीनिक योजना के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों को उनके रहवास के समीप जांच और ईलाज की सुविधा उपलब्ध कराने को…

छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री हाट बाजार क्लीनिक योजना : Chhattisgarh Mukhyamantri Hat Bazar Klinik Yojana

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जन-जन तक स्वास्थ्य सुविधाए पहुंचने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री नि: शुल्क मोबाइल चिकित्सा सुविधा की औपचारिक शुरुआत 2 अक्टूबर को 150वीं गांधी जयंती के अवसर पर करेंगे। इस योजना के अंतर्गत राज्य सरकार आदिवासी इलाको में लोगो को मुफ्त चिकित्सा व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए दवाइयों के साथ डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टॉफ सहित एक मेडिकल टीम के साथ मोबाइल चिकित्सा यूनिट तैनात करेगी। आज कल कई बार देखा गया है की राज्य के दुर्गम क्षेत्रों में कई मरीजों को चारपाई या कंधे पर लादकर कई किलोमीटर का सफर…