आदिवासी नर्तक दलों की प्रस्तुति से मंत्रमुग्ध हुए भूपेश बघेल और हेमन्त सोरेन

रायपुर। साइंस कॉलेज मैदान में प्रदर्शनी के उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और झारखंड के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने मुख्य मंच की दर्शक दीर्घा में बैठ कर नर्तक दलों की मनमोहक प्रस्तुति का अवलोकन किया। उनकी आकर्षक प्रस्तुति से दोनों मुख्यमंत्री सहित दर्शक मंत्रमुग्ध हो उठे। इस दौरान नाइजीरिया, फिलिस्तीन, झारखंड और छत्तीसगढ़ के नर्तक दलों ने प्रस्तुति दी। छत्तीसगढ़ के माड़िया जनजाति के दल ने गौर सिंग नृत्य पर प्रस्तुत किया। दोनों मुख्यमंत्री ने नर्तक दलों की कला की सराहना की। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन और छत्तीसगढ़…

जनजातीय वर्ग के प्रति सम्मान का प्रतीक है राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव : मुख्य अतिथि हेमंत सोरेन

रायपुर। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि छत्तीसगढ़ राज्य, आदिवासियों की संस्कृति को सहेजने, संवारने और आगे बढ़ाने के लिए अभिनव कार्य कर रहा है। उन्होंने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को धन्यवाद देते हुए कहा कि यह सिर्फ राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव नहीं, बल्कि जनजातीय वर्ग का सम्मान है। उन्होंने कहा कि जनजातीय वर्ग, वर्षाें से शोषित रहा है, सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक रूप से पिछड़ा रहा है। उसे आगे बढ़ाने के लिए यह भव्य आयोजन पूरे देश के लिए एक संदेश है। उन्होंने कहा कि…

राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव : छत्तीसगढ़ और झारखण्ड के मुख्यमंत्रियों ने ठोड़का और तुरही के साथ की जुगलबंदी

रायपुर। राजधानी रायपुर के साईंस कॉलेज मैदान पर चल रहे राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के दौरान दो आदवासी बाहुल्य राज्यों छत्तीसगढ़ और झारखण्ड के मुख्यमंत्रियों ने भी पारंपरिक वाद्य ठोड़का और तुरही बजाकर जुगलबंदी की। झारखण्ड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जब ठोड़का बजाना शुरू किया तो छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तुरही बजाकर उनका साथ दिया। यह दिलचस्प नजारा जनसंपर्क विभाग द्वारा लगाए गए स्टॉल पर नजर आया। इस स्टॉल में जनजातीय समुदायों में प्रचलित पारंपरिक वाद्य यंत्रों को प्रदर्शित किया गया है। राजधानी रायपुर में आयोजित राष्ट्रीय…

मुख्यमंत्री श्री बघेल ने झारखंड के मुख्यमंत्री श्री सोरेन के साथ ली सेल्फी

रायपुर। राजधानी रायपुर के साईंस कॉलेज मैदान में आयोजित राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव में हर तरफ उत्साह का माहौल बना हुआ है। आज शुभारंभ अवसर पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने समारोह के मुख्य अतिथि झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के साथ सेल्फ जोन में पहुंचकर सेल्फी लिया। Selfie time at selfie zone with @HemantSorenJMM 🤳 pic.twitter.com/zxUVFe12c2 — Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) October 28, 2021 समारोह स्थल पर आदिवासी संस्कृतियों तथा छत्तीसगढ़ के ग्रामीण परिवेश की झलकियों को समेटे आकर्षक सेल्फी जोन भी बनाए गए हैं। इस अवसर पर संस्कृति मंत्री अमरजीत…

सांसद राहुल गांधी ने राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के आयोजन पर दी बधाई, संदेश भेजकर छत्तीसगढ़ सरकार की तारीफ़ की

रायपुर। छत्तीसगढ़ में आज से शुरू हुए राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव एवं राज्योत्सव समारोह के लिए लोकसभा सांसद राहुल गांधी ने बधाई भेजकर छत्तीसगढ़ शासन की सराहना की है। उन्होंने अपने शुभकामना संदेश में कहा है कि आदिवासी कलाकारों को मंच देकर लोगों को आदिवासियों की प्राचीन और परंपरागत संस्कृति से अवगत कराने का यह कदम भारत की अनेकता में एकता के भाव को और मजबूत करेगा। गौरतलब है कि वर्ष 2019 में छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के आयोजनों की शुरुआत राहुल गांधी ने ही की थी। राज्य…

राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव एवं राज्योत्सव 2021’ का भव्य शुभारंभ

रायपुर। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने आज यहां छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के र्साइंस कॉलेज मैदान में ‘राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव’ एवं ’राज्योत्सव 2021’ का दीप प्रज्जवलित कर शुभारंभ किया। समारोह की अध्यक्षता छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कार्यक्रम की। झारखंड के लोकप्रिय मुख्यमंत्री श्री @HemantSorenJMM जी ने आज यहां छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में ‘राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव’ एवं राज्योत्सव 2021’ का दीप प्रज्जवलित कर शुभारंभ किया। #TribalFestivalCG pic.twitter.com/KfjENy3BzJ — Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) October 28, 2021 रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में 28…

विशेष लेख : राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव, गोंडों के परम्परागत लोक नृत्य

आदिवासी समुदाय प्रकृति प्रेमी होते हैं। उनकी जीवनशैली सरल और सहज होती है। इसकी स्पष्ट छाप उनकी कला, संस्कृति, सामाजिक उत्सवों और नृत्यों में देखने को मिलती है। प्रकृति से जुड़ा हुआ यह समुदाय न केवल उसकी उपासना करता है, बल्कि उसे सहेजकर भी रखता है। ऐसा ही एक समुदाय गोंड़ जनजाति है। जिसकी कई उपजातियां हैं। जिनके रीति-रिवाजों में लोक जीवन के अनेक रंग देखने को मिलते हैं। धुरवा जनजाति गोंड जनजाति की उपजाति है। धुरवा जनजाति छत्तीसगढ़ राज्य के बस्तर, दंतेवाडा तथा सुकमा जिले में निवास करती है।…

दीपावली, छठ, गुरूपर्व पर पटाखों को फोड़ने की अवधि दो घंटे ही निर्धारित

रायपुर। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल द्वारा पटाखों के उपयोग के संबंध में जारी निर्देशों का राज्य में संबंधितों को शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने के संबंध में राज्य शासन द्वारा आदेश जारी किए गए हैं। इस संबंध में जारी निर्देश के तहत जिन शहरों में वायु गुणवत्ता का स्तर अच्छा या संतोषजनक अथवा मध्यम श्रेणी हो, वहां केवल हरित पटाखे ही विक्रय तथा उपयोग किए जाये। दीपावली, छठ, गुरूपर्व तथा नया वर्ष/क्रिसमस इत्यादि के अवसर पर पटाखों को फोड़ने की अवधि भी दो घंटे ही निर्धारित की गई है। साथ ही अपर…

विशेष लेख : ‘राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव‘, बैगा और माड़िया जनजाति के प्रमुख लोक नृत्य

राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव में छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति, लोक गीत, नृत्य और संपूर्ण कलाओं से परिचित होगा देश और विदेश। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में यह आयोजन 28 से 30 अक्टूबर तक किया जा रहा है। राजधानी का साईंस कॉलेज मैदान आयोजन के लिए सज-धज कर तैयार हो चुका है। इस महोत्सव में विभिन्न राज्यों के आदिवासी लोक नर्तक दल के अलावा देश-विदेश के नर्तक दल भी अपनी प्रस्तुति देंगे। छत्तीसगढ़ राज्य की 5 विशेष पिछड़ी जनजातियों में से एक बैगा जनजाति है। राज्य के कबीरधाम, मंुगेली, राजनांदगांव, बिलासपुर…

मुख्यमंत्री के निर्देश पर त्वरित अमल: अंतागढ़ क्षेत्र के 53 ग्रामों को नारायणपुर जिले में सम्मिलित करने केन्द्र सरकार को भेजा जा चुका है प्रस्ताव

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देशानुसार छत्तीसगढ़ शासन द्वारा कांकेर जिले के अंतागढ़ ब्लाक के रावघाट के इलाके के लोगों की भावनाओं और प्रशासनिक कामकाज की सहूलियत के मद्देनजर इस क्षेत्र के 53 गांवों को नारायणपुर जिले में शामिल किए जाने का प्रस्ताव केन्द्र सरकार को पूर्व में ही भेजा जा चुका है। अंतागढ़ ब्लाक रावघाट अंचल के ग्रामीणों की उक्त मांग पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल शुरू से ही सहमत रहे हैं और इस संबंध में उन्होंने अधिकारियों को केन्द्र सरकार को प्रस्ताव भिजवाने के साथ ही समन्वय कर आवश्यक…